यूक्रेन ने बुधवार को दावा किया कि उसकी सेना ने रातभर चले अभियान में रूस की सबसे बड़ी तेल रिफाइनरियों में से एक पर हमला किया। यूक्रेन का कहना है कि यह रूस पर आर्थिक, सैन्य और कूटनीतिक दबाव बढ़ाने की उसकी रणनीति का हिस्सा है।
यूक्रेन ने कहा कि उसकी लंबी दूरी की ड्रोन और मिसाइल क्षमताओं ने हाल के महीनों में रूस के तेल प्रतिष्ठानों को लगातार निशाना बनाया है। उसके अनुसार, इन हमलों से रूस में ईंधन संकट गहराया है, जिससे यूक्रेन पर पूर्ण पैमाने के आक्रमण के चार साल से अधिक समय बाद भी क्रेमलिन पर दबाव बढ़ा है।
रियाजान तेल रिफाइनरी में लगी आग
यूक्रेन के जनरल स्टाफ के मुताबिक, रात में हुए हमले में रियाजान तेल रिफाइनरी में आग लग गई। इस रिफाइनरी की सालाना क्षमता लगभग 1.7 करोड़ टन तेल प्रसंस्करण की है और यहां पेट्रोल, डीजल, विमानन ईंधन तथा अन्य पेट्रोलियम उत्पाद तैयार किए जाते हैं। यह रिफाइनरी यूक्रेन की सीमा से करीब 400 किलोमीटर दूर स्थित है।
यह हमला ऐसे समय हुआ, जब कुछ घंटे पहले ही यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने वॉशिंगटन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की थी। इस बैठक का उद्देश्य यूक्रेन के लिए अमेरिका का और अधिक सहयोग हासिल करना बताया गया। रियाजान के गवर्नर पावेल मालकोव ने कहा कि ड्रोन हमले में छह लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। उन्होंने बताया कि ड्रोन का मलबा गिरने से कुछ औद्योगिक स्थलों पर आग लग गई, हालांकि उन्होंने उन स्थानों की पहचान नहीं बताई।
जेलेंस्की ने सोशल मीडिया पर लिखा, “रूस को यह महसूस होना चाहिए कि युद्ध का हर दिन उसके लिए और महंगा साबित होगा। हमें आक्रामक पक्ष को कमजोर करना होगा और उस पर दबाव बनाए रखना होगा, ताकि इस युद्ध के अंत को और करीब लाया जा सके।”
ट्रंप से मुलाकात पर क्या बोले जेलेंस्की?
जेलेंस्की ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ उनकी “अच्छी बैठक” हुई। वहीं, ट्रंप ने इस मुलाकात को “बड़ा सम्मान” बताया। दोनों नेताओं के बीच बातचीत बंद कमरे में हुई। ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, “कई मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक बहुत अच्छी रही।” जेलेंस्की ने बताया कि उन्होंने वॉशिंगटन में अमेरिकी सीनेट के दोनों दलों के 60 से अधिक सांसदों से भी मुलाकात की। उन्होंने रूस पर और अधिक प्रतिबंध लगाने की जरूरत पर जोर दिया।
उन्होंने रक्षा कंपनियों लॉकहीड मार्टिन और रेथियॉन के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात की। इससे कुछ दिन पहले रेथियॉन का एक प्रतिनिधिमंडल कीव गया था। यूक्रेन को उम्मीद है कि वह पैट्रियट वायु रक्षा प्रणाली जैसे उन्नत हथियारों का निर्माण स्वयं कर सकेगा। इसी महीने ट्रंप ने कहा था कि अमेरिका यूक्रेन को पैट्रियट प्रणाली के निर्माण का लाइसेंस देगा, ताकि वह रूस की बैलिस्टिक मिसाइलों का मुकाबला कर सके।
अमेरिका से हथियारों की मदद की आस लगा रहा यूक्रेन
जेलेंस्की ने कहा कि यूक्रेन लॉकहीड मार्टिन और रेथियॉन दोनों के साथ संयुक्त उत्पादन और प्रौद्योगिकी आदान-प्रदान पर चर्चा कर रहा है। उन्होंने कहा कि यूक्रेन अपनी आधुनिक और युद्ध में परखी हुई ड्रोन तकनीक साझा करने के लिए तैयार है। उनके अनुसार, इस तकनीक ने मोर्चे पर रूस की बड़ी सेना को रोकने और पीछे के इलाकों पर हमला कर उसकी आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
यूक्रेन की इन क्षमताओं की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सराहना हुई है। नाटो में अमेरिका के राजदूत मैथ्यू व्हिटेकर ने हाल में यूक्रेन दौरे के दौरान कहा था, “टोही अभियानों और रसद से लेकर सटीक हमलों तक, यूक्रेन ने दुनिया को दिखाया है कि मानव रहित प्रणालियां किस तरह छोटी सेनाओं को निर्णायक बढ़त दिला सकती हैं।”
समझौते की संभावना अब भी कमजोर
ट्रंप प्रशासन के लगभग एक वर्ष लंबे कूटनीतिक प्रयासों के बावजूद युद्ध रोकने के लिए किसी समझौते की संभावना अभी भी कमजोर दिखाई दे रही है। हालांकि, बंद कमरे में हुई बैठक से परिचित एक व्यक्ति के अनुसार, अमेरिकी अधिकारियों ने इस बात पर सहमति जताई कि राष्ट्रपति के प्रमुख दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर भविष्य में कीव का दौरा करेंगे।
यूक्रेन का रूस के नौसैनिक अड्डे पर भी हमले का दावा
यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने दावा किया कि उसकी सेना ने रूस के काला सागर बेड़े द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले एक नौसैनिक अड्डे पर भी हमला किया। यूक्रेन ने यह भी दावा किया कि रूस के ब्रियांस्क क्षेत्र में एक रडार स्टेशन, कब्जे वाले पूर्वी डोनेट्स्क क्षेत्र में ड्रोन लॉन्चिंग स्थल और एक सड़क पुल को भी निशाना बनाया गया।
वहीं, रूस के रक्षा मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि उसकी वायु रक्षा प्रणाली ने रातभर में रूस के विभिन्न क्षेत्रों और कब्जे वाले क्रीमिया के ऊपर यूक्रेन के 295 ड्रोन मार गिराए। इस बीच, यूक्रेन के दक्षिणी खेरसॉन क्षेत्र में रूसी हवाई हमले में 67 वर्षीय एक व्यक्ति की मौत हो गई। क्षेत्रीय सैन्य प्रशासन के प्रमुख ओलेक्सांद्र प्रोकोदिन के अनुसार, खेरसॉन शहर के एक रिहायशी इलाके में रूसी ड्रोन हमले में तीन लोग घायल हुए। उधर, क्षेत्रीय सैन्य प्रशासन के प्रमुख ओलेह सिनीहुबोव ने बताया कि रूस ने पिछले 24 घंटे में उत्तर-पूर्वी शहर खारकीव और उसके आसपास के 17 अन्य स्थानों पर ग्लाइड बमों से हमला किया, जिसमें 11 लोग घायल हो गए।




