
{“_id”:”6adda423cc2b6c5f3a075261″,”slug”:”iit-graduate-gaurav-jain-quits-18-lakh-package-renunciation-sudha-sagar-maharaj-2026-10-25″,”type”:”story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”राजस्थान न्यूज: 18 लाख का पैकेज, शानदार करियर… फिर क्यों वैराग्य की राह पर चले गौरव जैन?”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}

18 लाख रुपये का पैकेज छोड़ वैराग्य के मार्ग पर चले आईआईटीयन गौरव जैन
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राजस्थान के केकड़ी के समीपवर्ती जूनिया गांव निवासी 24 वर्षीय गौरव जैन ने सांसारिक जीवन त्यागकर वैराग्य के मार्ग पर चलने का निर्णय लिया है। आईआईटी से पढ़ाई पूरी करने के बाद गौरव हरियाणा के गुरुग्राम स्थित एक मल्टीनेशनल कंपनी में इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे। उन्हें सालाना 18 लाख रुपये का पैकेज मिल रहा था। कंपनी में करीब 16 महीने तक सेवाएं देने के बाद अब उन्होंने आकर्षक नौकरी और कॉर्पोरेट करियर छोड़कर धर्म और अध्यात्म का मार्ग अपनाने का संकल्प लिया है।
सुधा सागर महाराज के संघ में होंगे शामिल
आईआईटी से शिक्षा प्राप्त करने वाले गौरव जैन अब आजीवन ब्रह्मचर्य का व्रत धारण करने जा रहे हैं। इसके बाद वे संत सुधा सागर महाराज के संघ में शामिल होंगे। अच्छी नौकरी, आकर्षक वेतन और कॉर्पोरेट करियर की सुविधाएं होने के बावजूद गौरव का झुकाव अध्यात्म की ओर बढ़ा। इसी के चलते उन्होंने सांसारिक जीवन से विरक्ति लेकर वैराग्य के मार्ग पर आगे बढ़ने का निर्णय लिया।
कोटा में हुई गोदभराई की रस्म
गौरव जैन के वैराग्य धारण करने की प्रक्रिया के तहत शनिवार को राजस्थान के कोटा शहर में उनकी गोदभराई की रस्म आयोजित की गई। यह कार्यक्रम कोटा स्थित पद्मप्रभु दिगंबर जैन मंदिर के अध्यक्ष ज्ञानचंद जैन के आवास पर हुआ। इसके साथ ही कोटा में गौरव जैन की बुआ के आवास पर भी जैन समाज के गणमान्य लोगों की मौजूदगी में गोदभराई की रस्म पूरी की गई। इस आयोजन के साथ गौरव के वैराग्य मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रक्रिया ने महत्वपूर्ण पड़ाव पार किया।




